अंकिता भंडारी मामले को लेकर बीजेपी पर गरजे हरक सिंह, दोहराई सीबीआई जांच की मांग

हरिद्वार: अंकिता भंडारी हत्याकांड में वीआईपी प्रकरण को लेकर कांग्रेस ने हरिद्वार में बड़ा कैंडल मार्च निकाला. सीनियर कांग्रेस नेता हरक सिंह रावत भी इस कैंडल मार्च में शामिल हुए. साल के पहले दिन की शाम पर हरिद्वार के ललतारों पुल से हर की पैड़ी तक सैकड़ो कांग्रेस नेता और कार्यकर्ताओं ने हाथ में मोमबत्ती लेकर अंकिता भंडारी हत्याकांड में चर्चित वीआईपी प्रकरण की सीबीआई जांच की मांग की और जमकर नारेबाजी भी की.
कांग्रेस नेता हरक सिंह रावत ने मांग को दोहराते हुए कहा कि पूरे मामले की जज की निगरानी में सीबीआई जांच होनी चाहिए और हत्याकांड में शामिल वीआईपी प्रकरण से पर्दा उठना चाहिए. उन्होंने कहा कि जिस तरह निर्भया मामले में पूरा देश सड़कों पर आ गया था, उसी तरह अंकिता भंडारी हत्याकांड के मामले में जनता में आक्रोश है और कांग्रेस भी इस लड़ाई को लड़ रही है.
वाल्मीकि चौक से हरकी पैड़ी तक निकाले गए कैंडल मार्च में महिला कांग्रेस की कार्यकर्ता भी शामिल रहीं. कैंडल मार्च निकालकर अंकिता भंडारी हत्याकांड में शामिल नेताओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई गई. इस अवसर पर पूर्व कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत ने कहा कि भाजपा नेता स्वयं इस मामले में अपने नेताओं का नाम खोल रहे हैं. उर्मिला सनावर और सुरेश राठौर के ऑडियो में जिन वीआईपी नेताओं के नाम सामने आ रहे हैं. उनकी सीबीआई जांच के साथ साथ नारकोटेस्ट टेस्ट होना चाहिए. आरोप लगाया कि भाजपा सरकार अपने नेताओं को बचाने का कार्य कर रही है. कांग्रेस उत्तराखंड की बेटी को न्याय दिलाने के लिए संघर्षरत है.
भाजपा से निष्कासित पूर्व विधायक सुरेश राठौर और उनकी कथित पत्नी एक्ट्रेस उर्मिला सनावर के बीच बातचीत का ऑडियो वायरल होने के बाद प्रदेश की राजनीति गरमाई हुई है. हालांकि पुलिस ने उर्मिला सनावर और सुरेश राठौर के खिलाफ मुकदमे तक दर्ज कर लिए, लेकिन कांग्रेस लगातार सरकार पर हमलावर है. जगह जगह धरने प्रदर्शन और कैंडल मार्च निकाले जा रहे हैं. पार्टी के बड़े लीडर भी सरकार को घेरने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं. बीते दिनों पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने हरिद्वार के देवपुरा स्थित डीएम कैंप कार्यालय पर धरना दिया था.
ऑडियो वायरल होने के बाद एक्ट्रेस उर्मिला सनावर के खिलाफ हरिद्वार जिले के अलग अलग थानों में तीन मुकदमे दर्ज किए गए. एक मुकदमा उनके खिलाफ पहले से ही ज्वालापुर कोतवाली में दर्ज है. इसलिए एसएसपी प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने इन सभी मुकदमों की जांच के लिए एसपी सिटी अभय सिंह के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया है. बाकायदा पुलिस द्वारा उर्मिला सनावर को नोटिस भी जारी किए गए हैं. इतना ही नहीं पूर्व विधायक सुरेश राठौर के निवास पर भी नोटिस चस्पा किया गया था. नोटिस का उचित जवाब न मिलने पर पुलिस दोनों के खिलाफ जल्द कार्रवाई भी कर सकती है.
