पद्म भूषण अनिल जोशी के ‘हेस्को’ के खिलाफ शिकायत, सरकारी जमीन अतिक्रमण का आरोप, विभाग करेंगे सर्वे

देहरादून: उत्तराखंड में सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जे के मामले लगातार सामने आ रहे हैं. बीते दिनों उत्तराखंड के पूर्व कैबिनेट मंत्री अरविंद पांडे के कैंप कार्यालय को अतिक्रमण मानते हुए नोटिस जारी कर 15 दिनों के भीतर हटाने के निर्देश दिए गए. जबकि अब पद्म भूषण अनिल जोशी पर भी आरक्षित वन भूमि पर अतिक्रमण के आरोप लगे हैं. ऐसे में आज इस भूमि की वन विभाग और राजस्व विभाग द्वारा संयुक्त स्थलीय सर्वेक्षण किया जाएगा.
दरअसल, एडवोकेट संदीप मोहन चमोली ने देहरादून प्रभागीय वन अधिकारी को शिकायत दी है कि पद्म भूषण डॉ. अनिल प्रकाश जोशी ने आरक्षित वन भूमि पर अतिक्रमण किया है. शिकायती पत्र में इस बात का जिक्र किया गया है कि इसरो भुवन (ISRO-BHUVAN) और गूगल अर्थ (Google Earth) सैटेलाइट साक्ष्य रेंज में हेस्को एनजीओ (HESCO NGO) की ओर से अवैध भवन और सड़क निर्माण आर्केडिया बीट, आशारोड़ी रेंज में किया गया है.
पत्र के मुताबिक, देश के प्रतिष्ठित पर्यावरणविद्, पद्म भूषण (2020) एवं पद्म श्री (2006) से सम्मानित डॉ. अनिल प्रकाश जोशी, संस्थापक हेस्को (Himalayan Environmental Studies & Conservation Organization) पर देहरादून वन प्रभाग की आर्केडिया बीट, आशारोड़ी रेंज स्थित आरक्षित वन भूमि पर अवैध कब्जा कर सालों से संस्था संचालित करने, भवनों और सड़कों का निर्माण कराने के अत्यंत गंभीर आरोप सामने आए हैं. जिसकी पुष्टि इसरो भुवन और गूगल अर्थ सैटेलाइट मानचित्र का (2011, 2013, 2024 और 2025) के तुलनात्मक चित्र से हो रहा है.
यही नहीं, आरक्षित वन क्षेत्र के भीतर हेस्को परिसर का लगातार विस्तार किया गया है, जो फॉरेस्ट कंजर्वेशन एक्ट (Forest Conservation Act. 1980) की धारा-2 का उल्लंघन है, जिसमें किसी भी गैर-वन प्रयोजन के लिए केंद्रीय सरकार की पूर्व स्वीकृति अनिवार्य है. ऐसे में एडवोकेट संदीप मोहन चमोली ने देहरादून प्रभागीय वन अधिकारी को शिकायती पत्र देते हुए इस पूरे मामले में पर जल्द से जल्द जांच कर दोषियों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की मांग की है.
एडवोकेट संदीप मोहन चमोली की ओर से देहरादून प्रभागीय वन अधिकारी को सौंपे गए शिकायती पत्र पर देहरादून प्रभावी वन अधिकारी नीरज कुमार ने विकास नगर के उप जिलाधिकारी को पत्र लिखा है. पत्र में राजस्व विभाग और वन विभाग की संयुक्त स्थलीय सर्वेक्षण की बात कही गई है. एडवोकेट संदीप मोहन चमोली ने आशारोड़ी रेंज की आर्केडिया बीट में हेस्को एनजीओ (HESCO NGO) की ओर से आरक्षित वन भूमि पर अवैध कब्जा करने और सालों से संस्था संचालित करने, भवनों और सड़कों का निर्माण कराने संबंधी शिकायत की गई है.
