rto के पास कर्मचारियों की कमी

राजधानी देहरादून में लगातार हों रही सड़क दुर्घटनाओं से शायद कोई ही अनजान होगा, बीते वक्त में हुई दुर्घटनाओं का यदि आंकलन किया जाय तो कभी नशा कभी तेज़ रफ़्तार शहर के भीतर होने वाली सड़क दुर्घटनाओं के मुख्य कारण पाए गए हैँ
सड़क सुरक्षा को लेकर अहम भूमिका निभाने वाला परिवहन विभाग धरातल पर कभी कबार कार्यवाही करता तो नज़र आता है हालांकि कर्मचारियों की कमी के चलते विभाग के तमाम प्रयास धराताल पर कुछ ख़ास असर नही डाल पाते

RTO प्रवर्तन अनीता चमोला के अनुसार विभाग सीमित संसाधनों और मैन पावर की कमी से जूझ रहा है, पूरे शहर की सड़क सुरक्षा परिवहन विभाग के पास मौजूद मात्र एक इंटरसेप्टर, दो डायनामिक टास्क स्क्वायड और तीन बाइक स्क्वायड के भरोसे चल रही है
गौरतलब है सड़क सुरक्षा के लिए पुलिस विभाग परिवहन विभाग से ज़्यादा सतर्क नज़र आता है, सवाल पूछे जाने पर परिवहन अधिकारी विगत कुछ वक्त में किये गए चालानो का डाटा दिखाकर लीपापोती करने का काम करते हैँ लेकिन सड़क सुरक्षा को बेहतर करने के लिए क्या कदम उठाने की आवश्यकता है इसके बारे में शायद अधिकारी भी अनजान हैँ