28 July 2026

उत्तराखंड में भीषण सड़क हादसा, स्कूली बच्चों से भरी बस पलटी, कई बच्चे घायल

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हल्द्वानी: लालकुआं कोतवाली के बरेली रोड के जयपुर बीसा गांव में बच्चों से भरी स्कूल बस अनियंत्रित होकर खाई में गिर गई. हादसे के बाद बच्चों और राहगीरों में चीख पुकार मच गई. घटना के बाद स्थानीय लोगों ने बस का शीशा तोड़कर सभी बच्चों को सुरक्षित निकाला. हादसे में एक दर्जन से अधिक बच्चे घायल हुए हैं. सभी बच्चों को निजी हॉस्पिटल में भर्ती किया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है. हादसे में चालक परिचालक को भी गंभीर चोटें आई हैं. स्कूल बस पलटने की घटना से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है.

स्कूल बस पलटने से मचा हड़कंप: गौर हो कि बरेली रोड के जयपुर बीसा गांव में क्षेत्र के प्रतिष्ठित स्कूल की बस खाई में पलट गई. घटना की खबर सुनते ही अभिभावकों में हड़कंप मच गया और अभिभावक स्कूल पहुंचकर अपने बच्चों की कुशल पूछने में जुटे रहे. जानकारी के अनुसार मोटाहल्दू क्षेत्र के पदमपुर देवलिया गांव में एक निजी स्कूल की बस बच्चों को लेकर रामपुर रोड क्षेत्र से आ रही थी. हादसे में एक दर्जन से अधिक बच्चे घायल हुए हैं. सभी बच्चों को निजी हॉस्पिटल में भर्ती किया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है.

प्रत्यक्षदर्शियों ने क्या कहा: प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि पदमपुर देवलिया के बीच चौराहे के समीप दो स्कूल बसें आपस में साइट ले रही थी, तभी एक बस अधिक किनारे चले जाने के चलते सड़क के किनारे खाई में पलट गई. जैसे ही स्कूल बस सड़क किनारे पलटी तो बच्चों में चीख पुकार मच गई. आसपास के लोगों ने तुरंत बच्चों को बस से बाहर निकाला और तत्काल नजदीकी हॉस्पिटल में भर्ती कराया. ग्राम प्रधान रमेश चंद्र जोशी ने बताया कि स्कूल बसों के चालकों की लापरवाही के चलते हादसा हुआ है. बस में करीब 40 बच्चे सवार थे, हादसे में एक दर्जन से अधिक बच्चे घायल हुए हैं.

ग्राम प्रधान ने लगाए गंभीर आरोप: ग्राम प्रधान का आरोप है इतना बड़ा हादसा होने के बाद भी जिला प्रशासन मौके पर नहीं पहुंचा और स्थानीय लोगों ने सभी घायलों को निकालकर अस्पताल भेजा. कहा कि क्षेत्र में कई निजी स्कूल हैं, बस चालक अक्सर नशे की हालत में अपने बसों को चलते हैं. पूर्व में भी इस तरह की घटना हो चुकी हैं. इसके बावजूद भी जिला प्रशासन और स्कूल प्रशासन इस पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है. जिस जगह पर बस पलटी है वहां पर नाला भी है. नाले में पानी नहीं था, नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था.

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