7 August 2026

विश्व प्रसिद्ध आदि कैलाश और ॐ पर्वत की यात्रा शुरू, इस तरह करवा सकते हैँ यात्रा कर लिए रजिस्ट्रेशन

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दल में 19 श्रद्धालु हैं इनमें छह-छह पर्यटक महाराष्ट्र एवं तमिलनाडु और सात पर्यटक उत्तराखंड के हैं

उत्तराखंड चारधाम यात्रा के बाद आदि कैलाश और ओम पर्वत यात्रा के लिए श्रद्धालुओं का पहला दल विगत बुधवार नैनीताल जिले के हल्द्वानी से रवाना हो गया है। पहले दल में 19 श्रद्धालु हैं इनमें छह-छह पर्यटक महाराष्ट्र एवं तमिलनाडु और सात पर्यटक उत्तराखंड के हैं।उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले में स्थित आदि कैलास की यात्रा का पहला पड़ाव भीमताल होगा, जहां से विधिवत औपचारिकता के बाद दल यात्रा के रवाना के लिए रवाना हो गया है। यात्री कैंची धाम, काकड़ीघाट और जागेश्वर मंदिर से होते हुए आगे बढ़ेंगे। यात्रा के दौरान पर्यटकों को अल्मोड़ा और पिथौरागढ़ के विभिन्न प्राचीन मंदिरों के दर्शन करने का अवसर मिलेगा। अंत में यह दल गुंजी पहुंचेगा, जहां से अंतिम यात्रा शुरू होगी। इस वर्ष यात्रा में धार्मिक आस्था के साथ-साथ प्राकृतिक सौंदर्य का अनुभव करने वाले यात्रियों की अच्छी संख्या देखने को मिल रही है। बताया कि यात्रा को लेकर सभी तैयारियां समय पूर्व ही पूरी कर ली गई थीं। किसी भी श्रद्धालु को किसी भी प्रकार की कोई परेशानी नहीं होने दी जाएगी।

उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले में स्थित आदि कौलास, ओम पर्वत सहित अन्य मंदिरों और धार्मिक स्थलों में दर्शन से पहले श्रद्धालुओं को रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य किया गया है। यात्रा पर जाने वाले तीर्थ यात्री कुमाऊं मंडल विकास निगम (केएमवीएन-KMVN) की वेबसाइट या निगम कार्यालय में जाकर रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं।

आदि कैलास यात्रा में जाने वाले तीर्थ यात्रियों के लिए बुनियादी सुविधाओं को भी ख्याल रखा गया है। दर्शन के लिए वसूले जा रही फीस में श्रद्धालुओं को रहने, खाने सहित परिवहन की सुविधा भी शामिल होगी

भाजपा प्रवक्ता सुरेश जोशी ने बताया कि यात्रा की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। बताया कि तीर्थ यात्री ज्योलिंगकोंग में आदि कैलास और नाभीढांग में ओम पर्वत के दर्शन करेंगे। अब तक 102 यात्रियों ने इस यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं।

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