हल्द्वानी में एसएसपी ऑफिस में कांग्रेस नेताओं के बर्ताव पर भड़की बीजेपी, नारेबाजी कर कार्रवाई की मांग की
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हल्द्वानी: कांग्रेस नेताओं द्वारा एसएसपी कार्यालय में कथित अभद्रता और अमर्यादित भाषा के इस्तेमाल का मामला तूल पकड़ता जा रहा है. पुलिस अधिकारियों के विरोध के बाद अब बीजेपी ने भी कांग्रेस के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. बीजेपी नेता शंकर कोरंगा के नेतृत्व में कार्यकर्ता एसएसपी कार्यालय पहुंचे और जमकर नारेबाजी की. कार्यकर्ताओं ने पुलिस महानिदेशक के नाम एसपी सिटी को ज्ञापन सौंपकर मामले में जांच और कार्रवाई की मांग की.
कांग्रेस नेताओं द्वारा एसएसपी ऑफिस विवाद पर बीजेपी का प्रदर्शन: हल्द्वानी में कांग्रेस नेताओं और पुलिस के बीच हुआ विवाद अब राजनीतिक रंग लेता जा रहा है. एसएसपी कार्यालय में कांग्रेस नेताओं द्वारा कथित तौर पर अभद्रता और अमर्यादित शब्दों के इस्तेमाल के विरोध में बीजेपी कार्यकर्ताओं ने मोर्चा खोल दिया है. सोमवार को बीजेपी नेता शंकर कोरंगा के नेतृत्व में बड़ी संख्या में बीजेपी कार्यकर्ता एसएसपी कार्यालय पहुंचे. इस दौरान कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस पार्टी और उसके नेताओं के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. बीजेपी कार्यकर्ताओं ने पुलिस महानिदेशक के नाम एक ज्ञापन एसपी सिटी को सौंपते हुए पूरे मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की. कांग्रेस के कार्यक्रम को प्रशासन की ओर से पहले ही अनुमति दी गई थी. कार्यक्रम के दौरान शहर की यातायात व्यवस्था प्रभावित न हो, इसके लिए पुलिस प्रशासन ने बाकायदा ट्रैफिक प्लान तैयार किया था. अलग-अलग स्थानों पर वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था भी की गई थी. इसके बावजूद कांग्रेस नेताओं ने एसएसपी ऑफिस में अमर्यादित आचरण किया, जो स्वीकार नहीं किया जाएगा.
पहले से ही तय था ट्रैफिक प्लान- शंकर कोरंगा: बीजेपी का आरोप है कि पहले से तय ट्रैफिक प्लान के बावजूद 8 अगस्त को रैली में शामिल होने आ रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं के वाहनों को रोकने का आरोप लगाते हुए कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल और नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्या के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कांग्रेसी एसएसपी कार्यालय पहुंच गए. बीजेपी का दावा है कि इस दौरान पुलिस अधिकारियों के साथ अभद्रता की गई और अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया गया. बीजेपी नेता शंकर कोरंगा ने कहा कि पुलिस अधिकारियों के कार्यालय में इस तरह का व्यवहार स्वीकार नहीं किया जा सकता. उन्होंने पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच कर दोषियों लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की मांग की है.
