27 July 2026

नैनीताल में आवासीय पट्टे पर रेस्टोरेंट चलाने पर बड़ी कार्रवाई, सरकार में निहित हुई जमीन

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हल्द्वानी: नैनीताल जिला प्रशासन ने कैंची धाम क्षेत्र में आवासीय पट्टे की जमीन पर रेस्टोरेंट चलाने पर बड़ी कार्रवाई की है. डीएम ललित मोहन रयाल ने नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित पट्टा निरस्त कर दिया है. साथ ही जमीन को राज्य सरकार के पक्ष में निहित कर दी.

बताया जा रहा है कि आवासीय उपयोग के लिए आवंटित भूमि पर व्यावसायिक गतिविधियां संचालित की जा रही थीं, जिस पर यह कार्रवाई की गई है. नैनीताल जिलाधिकारी एवं जिला मजिस्ट्रेट ललित मोहन रयाल ने मामले में आदेश जारी करते हुए भूमि को राज्य सरकार के पक्ष में निहित करने के निर्देश दिए हैं.

क्या है पूरा मामला? नैनीताल जिला प्रशासन के मुताबिक, कैंची धाम क्षेत्र के छड़ा मझेड़ा निवासी नंदराम को आवासीय प्रयोजन के लिए भूमि आवंटित की गई थी, लेकिन बाद में उनके वारिस रोहित कुमार, दिनेश कुमार और संतोष कुमार की ओर से इस भूमि पर रेस्टोरेंट का संचालन किया जाने लगा.

जांच के दौरान पाया गया कि लगभग 0.008 हेक्टेयर भूमि का इस्तेमाल आवासीय उद्देश्य के बजाय व्यावसायिक गतिविधियों के लिए किया जा रहा था. प्रशासनिक जांच में ये भी स्पष्ट हुआ कि यह गतिविधि पट्टे की निर्धारित शर्तों के विपरीत है.

ऐसे में मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने इसे नियमों का सीधा उल्लंघन माना और तत्काल प्रभाव से पट्टा निरस्त करने के आदेश जारी कर दिए. साथ ही संबंधित भूमि को राज्य सरकार के पक्ष में दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है.

जमीन विवाद में चली गोली, डीएम ने निरस्त किए दो शस्त्र लाइसेंस: उधर, चंपावत में पुश्तैनी जमीन को लेकर चल रहा विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया. पुलिस अधीक्षक चंपावत की रिपोर्ट के मुताबिक, साल 2025 में भैरवा चौराहा (चंपावत) निवासी महेंद्र कुमार तड़ागी, जो मूल रूप से हल्द्वानी के लोहारियासाल के रहने वाले हैं, ने अपने लाइसेंसी शस्त्र से दिनेश तड़ागी पर फायरिंग कर दी.

गोली लगने से दिनेश तड़ागी घायल हो गए. बताया जा रहा है कि दोनों पक्ष आपस में रिश्तेदार हैं और लंबे समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था. घटना के बाद मामले की जांच की गई और रिपोर्ट जिला प्रशासन को भेजी गई.

मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला मजिस्ट्रेट नैनीताल ललित मोहन रयाल ने सख्त कार्रवाई की है. डीएम ने महेंद्र कुमार तड़ागी के नाम जारी 38 बोर रिवॉल्वर और सिंगल बैरल बंदूक के दोनों शस्त्र लाइसेंस निरस्त कर दिए हैं, यह कार्रवाई आयुध अधिनियम 1959 की धारा 17(3) के तहत की गई है.

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