25 July 2026

उत्तराखंड में 62 साल से नहीं हो पाई बंदोबस्ती,अब पांच गांवों से शुरू करने की सरकार की योजना

0

सब्सिडी का लाभ पाने के लिए पूंजी निवेश प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत राज्य में स्थापित 620 औद्योगिक इकाइयों को केंद्र सरकार ने अपात्र घोषित कर दिया है। सबसे बड़ा झटका हरिद्वार जिले की

सब्सिडी का लाभ पाने के लिए पूंजी निवेश प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत राज्य में स्थापित 620 औद्योगिक इकाइयों को केंद्र सरकार ने अपात्र घोषित कर दिया है। सबसे बड़ा झटका हरिद्वार जिले की 251 औद्योगिक इकाइयों को लगा है। जबकि इस आदेश से ऊधमसिंहनगर जिले की 134 और देहरादून जिले की 95 औद्योगिक इकाइयां भी प्रभावित हुई हैं। उद्यमियों का कहना है कि निवेश करने के बाद भी सब्सिडी का लाभ न मिलना निराशाजनक है।

केंद्र सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय की ओर से उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में निवेश को बढ़ावा देने के लिए औद्योगिक विकास स्कीम 2017 लागू की गई थी। इसमें बड़ी संख्या में दोनों राज्यों में नई औद्योगिक इकाइयां स्थापित हुईं। काफी संख्या में उद्यमियों ने अपनी औद्योगिक इकाइयों का विस्तार भी किया। स्कीम के तहत केंद्र सरकार ने 714 इकाइयों को सब्सिडी का लाभ भी दिया। जिसमें उत्तराखंड की 350 यूनिट शामिल थीं।

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने 30 जुलाई 2024 को राज्य सरकार को पत्र भेजकर स्पष्ट किया कि उत्तराखंड की 620 इकाइयों का रजिस्ट्रेशन नहीं हुआ है। ये इकाइयां स्कीम के लिए पात्र नहीं हैं। ऐसे में अब सैकड़ों इकाइयों की सब्सिडी पर विराम लग गया है। बताया जा रहा है कि विभिन्न तकनीकी कारणों और रजिस्ट्रेशन के लिए आवेदन प्रक्रिया में देरी के चलते इन इकाइयों को लाभ की श्रेणी से बाहर कर दिया है। उधर, उद्यमियों ने इस पर निराशा जताई है। साथ ही मुख्यमंत्री समेत विभिन्न स्तरों पर पत्र भेजकर सब्सिडी दिलाए जाने की मांग की है। 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Discover more from उत्तराखंड DISCOVERY

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading